Skip to product information
1 of 2

शून्य

शून्य

Regular price $16.00 USD
Regular price Sale price $16.00 USD
Sale Sold out
Tax included.
यह संग्रह उन पंक्तियों का है जो कभी प्रेम बनकर आती हैं, कभी प्रतीक्षा बनकर ठहर जाती हैं, कभी समाज की कठोरता का सच दिखाती हैं, और कभी कुदरत की तरह बिना बोले बहुत कुछ समझा देती हैं। इन कविताओं में रातें हैं जो सवालों के साथ लंबी हो जाती हैं, दिन हैं जो जिम्मेदारियों में सिमट जाते हैं, और खामोशी है जो हर बार नए अर्थ के साथ लौट आती है। यह किताब बस एक यात्रा है, जो भीतर से बाहर जाती है और बाहर से भीतर लौट आती है। अगर आप कभी अपने जीवन को शब्दों में तलाशते रहे हैं, तो संभव है इस किताब में आपको अपना कोई दृश्य, कोई छूटी हुई साँस, और कोई अधूरा प्रश्न मिल जाए।

SKU:9789375101536

View full details